Australia Bondi Terrorist Attack: ऑस्ट्रेलिया में हुए आतंकी हमले का क्या है भारतीय पासपोर्ट से कनेक्शन! नए खुलासे ने मचा दिया हड़कंप

ऑस्ट्रेलिया में यहूदी समुदाय को निशाना बनाकर किए गए बोंडी आतंकी हमले की जांच के दौरान एक अहम नया खुलासा हुआ है. फिलीपींस सरकार ने दावा किया है कि इस हमले के आरोपी पिता-पुत्र ने हमले से कुछ हफ्ते पहले भारतीय पासपोर्ट पर फिलीपींस की यात्रा की थी. इस खुलासे के बाद ऑस्ट्रेलियाई जांच एजेंसियों की चिंता और बढ़ गई है.

सिडनी मॉर्निंग हेराल्ड की रिपोर्ट के मुताबिक हमले के आरोपी 24 वर्षीय नवीद अकरम और उसके 50 वर्षीय पिता साजिद अकरम हाल ही में फिलीपींस गए थे. ऑस्ट्रेलियन फेडरल पुलिस (AFP) अब यह पता लगाने में जुटी है कि यह यात्रा सामान्य पर्यटन के लिए थी या इसके पीछे किसी संदिग्ध नेटवर्क से संपर्क का मकसद छिपा था. जांच एजेंसियां यह भी खंगाल रही हैं कि फिलीपींस में दोनों कहां ठहरे, किन लोगों से मिले और वहां उनकी गतिविधियां क्या रहीं.

ISIS से संबंधित झंडा

इस मामले को और गंभीर बना देने वाला तथ्य यह है कि बोंडी बीच हमले के बाद आरोपियों की कार से इस्लामिक स्टेट (ISIS) से जुड़ा एक झंडा और कुछ विस्फोटक सामग्री बरामद हुई है. इसी वजह से अब जांच का फोकस इस बात पर भी है कि कहीं हमले का संबंध इस्लामिक स्टेट ईस्ट एशिया (ISEA) जैसे आतंकी संगठनों से तो नहीं है.

आतंकी संगठन से सीधे संबंध की पुष्टि नहीं

हालांकि ऑस्ट्रेलियाई अधिकारियों ने अभी तक किसी आतंकी संगठन से सीधे संबंध की पुष्टि नहीं की है, लेकिन आधिकारिक दस्तावेजों में माना गया है कि पहले भी कुछ ऑस्ट्रेलियाई नागरिकों के दक्षिण-पूर्व एशिया में सक्रिय कट्टरपंथी समूहों से संपर्क रहे हैं. फिलीपींस लंबे समय से चरमपंथी गतिविधियों के लिए संवेदनशील क्षेत्र माना जाता रहा है, जहां अबू सय्याफ जैसे आतंकी गुट और ISIS से प्रेरित संगठन सक्रिय रहे हैं.

फिलीपींस मूल के लोगों की संख्या

आतंकी हमले से जुड़े मामले पर नवीद और साजिद अकरम की फिलीपींस यात्रा को बेहद अहम कड़ी के रूप में देखा जा रहा है. जांच एजेंसियां अब उनकी डिजिटल गतिविधियों, बैंक लेन-देन, मोबाइल डेटा और अंतरराष्ट्रीय संपर्कों की गहन फोरेंसिक जांच कर रही हैं. साथ ही, इस पूरे मामले में अंतरराष्ट्रीय खुफिया एजेंसियों से भी सहयोग लिया जा रहा है. गौरतलब है कि सिडनी में फिलीपींस मूल के करीब 86 हजार लोग रहते हैं, जो वहां के सबसे बड़े प्रवासी समुदायों में से एक हैं. ऐसे में यह जांच न सिर्फ ऑस्ट्रेलिया, बल्कि पूरे क्षेत्र की सुरक्षा के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है.

ये भी पढ़ें: Saudi Arabia Executions: सऊदी अरब ने फांसी देने में खुद का ही रिकॉर्ड तोड़ा, 2025 में दी कितनों को सजा-ए-मौत, सामने आया आंकड़ा

Read More at www.abplive.com