Swiggy जुटाएगी ₹10000 करोड़ का फंड, QIP रूट की लेगी मदद – swiggy to raise funds of upto rs 10000 crore via qip route board approves the proposal share may rise on monday

फूड डिलीवरी कंपनी स्विगी 10000 करोड़ रुपये जुटाने वाली है। कंपनी के बोर्ड ने 7 नवंबर को प्रपोजल को मंजूरी दी। फंड क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल प्लेसमेंट या अन्य तरीकों से पब्लिक या प्राइवेट ऑफरिंग्स के जरिए एक या एक से अधिक राउंड में जुटाया जाएगा। प्रपोजल पर अभी शेयरहोल्डर्स की मंजूरी समेत अन्य जरूरी मंजूरियां लिया जाना बाकी है। कंपनी का मार्केट कैप 1 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा है। कंपनियां म्यूचुअल फंड्स जैसे बड़े इंस्टीट्यूशंस से पैसे जुटाने के लिए QIP रूट की मदद लेती हैं।

जुलाई-सितंबर 2025 तिमाही में स्विगी को 1092 करोड़ रुपये का कंसोलिडेटेड नेट लॉस हुआ। एक साल पहले कंपनी 626 करोड़ रुपये के घाटे में थी। ऑपरेशंस से रेवेन्यू 5561 करोड़ रुपये हो गया, जो सितंबर 2024 तिमाही में 3601 करोड़ रुपये था।

Swiggy शेयर 2025 में अभी तक 26 प्रतिशत गिरा

स्विगी का शेयर शुक्रवार, 7 नवंबर को BSE पर 401.60 रुपये पर बंद हुआ। शेयर की फेस वैल्यू 1 रुपये है। शेयर साल 2025 में अभी तक 26 प्रतिशत नीचे आया है। कंपनी में सितंबर 2025 के आखिर तक पब्लिक शेयरहोल्डर्स के पास 93.12 प्रतिशत हिस्सेदारी थी। शेयर का BSE पर 52 सप्ताह का उच्च स्तर 617 रुपये है, जो 23 दिसंबर 2024 को क्रिएट हुआ। 52 सप्ताह का निचला स्तर 297 रुपये 13 मई 2025 को देखा गया। स्विगी के शेयर के लिए ICICI ​सिक्योरिटीज ने ‘बाय’ रेटिंग के साथ 740 रुपये प्रति शेयर का टारगेट प्राइस दिया है। मोतीलाल ओसवाल ने ‘बाय’ रेटिंग के साथ 550 रुपये का टारगेट सेट किया है।

Swiggy नवंबर 2024 में शेयर बाजारों में लिस्ट हुई थी। इसका 11327.43 करोड़ रुपये का IPO 3.59 गुना भरा था। कंपनी अब अपने क्विक कॉमर्स बिजनेस ‘इंस्टामार्ट’ को एक अलग यूनिट स्विगी इंस्टामार्ट प्राइवेट लिमिटेड को ट्रांसफर कर रही है। इंस्टामार्ट अब स्विगी के पूर्ण-मालिकाना हक वाली एक सब्सिडियरी होगी। प्रपोजल को कंपनी के बोर्ड ने इस साल सितंबर में मंजूरी दी थी।

रैपिडो में बेच चुकी है पूरा हिस्सा

सितंबर में ही स्विगी ने बाइक-टैक्सी सर्विस प्रोवाइडर रैपिडो में पूरी हिस्सेदारी बेचने को मंजूरी दी। यह सौदा करीब 2400 करोड़ रुपये का है। स्विगी ने रैपिडो में लगभग 12 प्रतिशत हिस्सेदारी करीब 1000 करोड़ रुपये में अप्रैल 2022 में खरीदी थी।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

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