
मां चंद्रघंटा साहस और पराक्रम का प्रतीक हैं. इनकी साधना से भक्तों में आत्मविश्वास बढ़ता है.मां चंद्रघंटा का रूप निवेश के मामलों को लेकर पैदा होने वाले डर और जोखिम को दूर करता है.

नवरात्रि के तीसरे दिन का शुभ रंग स्लेटी है. ये रंग व्यक्ति को व्यावहारिक और सरल बनने के लिए प्रेरित करता है. आज शनिवार शनि देव का दिन भी है. ऐसे में स्लेटी रंग के कपड़े पहनने शनि भी प्रसन्न होंगे.

मां चंद्रघंटा को लाल गुलाब अर्पित करें और ऐं श्रीं शक्तयै नम: मंत्र का जाप करें. माता चंद्रघंटा को सेब या दूध से बनी मिठाई का भोग लगाएं.

मां चंद्रघंटा की पूजा का मंत्र – पिण्डजप्रवरारूढ़ा चण्डकोपास्त्रकेर्युता। प्रसादं तनुते मह्यं चंद्रघण्टेति विश्रुता॥

मां चंद्रघंटा की पूजा से मंगल ग्रह की अशुभता दूर की जा सकती है. मांगलिक दोष से पीड़ित लोगों को मां चंद्रघंटा की उपासना जरुर करनी चाहिए. इनकी कृपा से रोगों का नाश भी होता है.

नवरात्रि के तीसरे दिन किसी दुर्गा मंदिर में घंटी भेंट करें और दुर्गा चालीसा का पाठ करें. मान्यता है इससे विरोधी कार्य में बाधा नहीं बनते और तरक्की के रास्ते खुल जाते हैं.
Published at : 05 Oct 2024 06:23 AM (IST)
ऐस्ट्रो फोटो गैलरी
ऐस्ट्रो वेब स्टोरीज
Read More at www.abplive.com