
Chemical Stocks to Watch: लंबे समय से भारत और अमेरिका के बीच कारोबारी सौदे को लेकर इंतजार हो रहा था, और अब इसका काउंटडाउन शुरू हो चुका है। दोनों देशों के बीच के हालिया अंतरिम ट्रेड एग्रीमेंट के तहत अमेरिका ने भारत से केमिकल्स के निर्यात पर टैरिफ को 50% से घटाकर 18% तक लाने पर हामी भरी है। भारत और अमेरिका के बीच की कारोबारी डील से भारतीय कंपनियों को न सिर्फ कम ड्यूटी का फायदा मिलेगा बल्कि चाइनीज कॉम्पटीटर्स पर भी बढ़त हासिल होगा, जिनके अमरेकी निर्यात पर इससे दोगुना ड्यूटी लगती है। हालांकि यह ध्यान देना ज़रूरी है कि 18% की नई टैरिफ दर केवल तभी लागू होगी जब इस समझौते पर आधिकारिक रूप से साइन हो जाएंगे। अभी तक दोनों देशों ने सिर्फ एक संयुक्त बयान जारी किया है, लेकिन समझौते पर साइन नहीं हुए हैं।
किन केमिकल स्टॉक्स पर रहेगी नजर?
भारत और अमेरिका के बीच हुए कारोबारी सौदे के चलते आरती इंडस्ट्रीज, नवीन फ्लोरीन इंटरनेशनल, गुजरात फ्लोरोकेमिकल्स, लक्ष्मी ऑर्गेनिक इंडस्ट्रीज़, विनती ऑर्गेनिक्स और एसआरएफ लिमिटेड जैसी कंपनियों पर असर दिख सकता है। उदाहरण के लिए आरती इंडस्ट्रीज के अमेरिका को होने वाले लगभग 40% निर्यात पर 50% के हाई रेट से ड्यूटी लगती है, जिससे कंपनी के सीईओ सुयोग कोटेचा के मुताबिक मुनाफे का एक बड़ा हिस्सा कम हो जाता है। भारत और अमेरिका के बीच की कारोबारी डील से घरेलू ब्रोकरेज फर्म एक्सिस डायरेक्ट का अनुमान है कि स्पेशल्टी केमिकल्स के एक्सपोर्ट वॉल्यूम में 20-25% की रिकवरी हो सकती है। अभी यह देश के $600 करोड़ के सालाना केमिकल एक्सपोर्ट का करीब पांचवा हिस्सा है।
India-US Trade Deal: खास बातें
भारत और अमेरिका के बीच जिस कारोबारी सौदे का इंतजार किया जा रहा था, उसका मसौदा आखिर सामने आ गया। हालांकि ट्रेड एग्रीमेंट पर अभी साइन नहीं हुए हैं और इस पर साइन होने के बाद ही लागू होगा। इस सौदे के तहत अमेरिका ने 50% के टैरिफ को घटाकर 18% करने पर हामी भरी है। इस समझौते पर मार्च के मध्य तक औपचारिक हस्ताक्षर होने की उम्मीद है, जिसके बाद नई दरें प्रभावी हो जाएंगी। इस सौदे के तहत भारत का लक्ष्य पांच साल में अमेरिका से $50 हजार करोड़ के एनर्जी प्रोडक्ट्स, एयरक्राफ्ट और इसके पार्ट्स, प्रेशस मेटल्स, टेक्नोलॉजी प्रोडक्ट्स और कोकिंग कोल मंगाने का है। वहीं भारत ने मक्का, गेहूं, चावल, सोया, पोल्ट्री, दूध, पनीर, एथेनॉल (ईंधन), तंबाकू, कुछ सब्जियां और मांस जैसे संवेदनशील एग्री और डेयरी प्रोडक्ट्स को पूरी तरह सुरक्षित रखा है। इस सौदे की एक अहम बात ये है कि दोनों में से कोई भी देश अगर टैरिफ में बदलाव करता है तो दूसरे देश को भी अपनी प्रतिबद्धताओं में बदलाव का हक होगा।
डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए सलाह या विचार एक्सपर्ट/ब्रोकरेज फर्म के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदायी नहीं है। यूजर्स को मनीकंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले हमेशा सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।
Read More at hindi.moneycontrol.com