अगर आप अपने काम के लिए Microsoft Edge ब्राउजर यूज करते हैं तो आपको सावधान रहने की जरूरत है. सरकारी एजेंसी इंडियन कंप्यूटर इमरजेंसी रिस्पॉन्स टीम (CERT-In) ने इस ब्राउजर को लेकर वार्निंग जारी की है. एजेंसी का कहना है कि इसमें कुछ ऐसी सुरक्षा खामियां पाई गई हैं, जिससे आपके सिस्टम की एक्सेस गलत हाथों में जा सकती है. बता दें कि Edge ब्राउजर भी क्रोमियम इंजन पर बना है और इसमें कई एक्स्ट्रा फीचर्स और एआई सपोर्ट मिलता है, जिससे रिस्क बढ़ जाता है. एजेंसी का कहना है कि Edge ब्राउजर यूज करने वाले सभी यूजर्स पर यह खतरा मंडरा रहा है.
Microsoft Edge ब्राउजर यूज करने वालों पर क्या खतरा?
CERT-In का कहना है कि कई सुरक्षा खामियों के कारण ब्राउजर के कई कंपोनेंट पर सीरियस इंपैक्ट हो सकता है. V8 में आउट ऑफ बाउंड मेमोरी एक्सेस, V8 और ब्लिंक में इनएप्रोप्रिएट इंप्लीमेंटेशन समेत दूसरी कई खामियों से इस ब्राउजर पर साइबर अटैक किया जा सकता है. रिमोट अटैकर्स इन खामियों का फायदा यूजर को स्पेशली क्राफ्टेड पेज पर विजिट करवा सकता है, जहां से उसका डेटा और पर्सनल इंफोर्मेशन चोरी हो सकती है. वार्निंग के अनुसार, Edge ब्राउजर के 144.0.3719.82 से पुराने वर्जन यूज करने वाले यूजर्स पर साइबर अटैक का ज्यादा खतरा है.
यूजर्स के पास अब क्या ऑप्शन?
अगर आप Edge ब्राउजर के 144.0.3719.82 से पुराने वर्जन को यूज कर रहे हैं तो इसे तुरंत अपडेट कर लें. इन खामियों को दूर करने के लिए सिक्योरिटी पैच जारी हो चुके हैं, जिन्हें इंस्टॉल कर आप साइबर अटैक के खतरे से बच सकते हैं. ब्राउजर को अपडेट करने के लिए थ्री-डॉट मेनू पर जाएं और हेल्प एंड फीडबैक का ऑप्शन चुनें. यहां अबाउट About Microsoft Edge पर क्लिक करें और अपडेट इंस्टॉल कर लें. किसी भी प्रकार के साइबर अटैक से बचने के लिए सिक्योरिटी एक्सपर्ट्स अपने डिवाइस और सॉफ्टवेयर को अपडेट रखने की सलाह देते हैं.
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