लैपटॉप में Virus का बड़ा खतरा! ये 4 छुपे संकेत दिखते ही समझ लीजिए शुरू हो चुका है अटैक, बचने के लिए तुरंत करें ये काम

सबसे पहले ध्यान देने वाली चीज़ है आपका सिस्टम बिना किसी तकनीकी समस्या के अचानक क्रैश होने लग जाए. वायरस और मैलवेयर सिस्टम फाइल्स के साथ छेड़छाड़ करते हैं जिससे लैपटॉप बार-बार फ्रीज होने लगता है और ऐप्स भी खुलने से इनकार करने लगते हैं. यह अक्सर उस शुरुआती चरण का संकेत होता है जब वायरस सिस्टम पर पूरी तरह कब्ज़ा जमाने की कोशिश में होता है.

सबसे पहले ध्यान देने वाली चीज़ है आपका सिस्टम बिना किसी तकनीकी समस्या के अचानक क्रैश होने लग जाए. वायरस और मैलवेयर सिस्टम फाइल्स के साथ छेड़छाड़ करते हैं जिससे लैपटॉप बार-बार फ्रीज होने लगता है और ऐप्स भी खुलने से इनकार करने लगते हैं. यह अक्सर उस शुरुआती चरण का संकेत होता है जब वायरस सिस्टम पर पूरी तरह कब्ज़ा जमाने की कोशिश में होता है.

कई बार पॉप-अप विज्ञापन भी बिना इंटरनेट कनेक्शन के स्क्रीन पर उभरने लगते हैं. यह साफ इशारा होता है कि कोई अनचाहा कोड आपके सिस्टम में एक्टिव है. ऐसे पॉप-अप पर क्लिक करने से आपकी निजी फाइलें खतरे में पड़ सकती हैं और डेटा चोरी भी हो सकता है.

कई बार पॉप-अप विज्ञापन भी बिना इंटरनेट कनेक्शन के स्क्रीन पर उभरने लगते हैं. यह साफ इशारा होता है कि कोई अनचाहा कोड आपके सिस्टम में एक्टिव है. ऐसे पॉप-अप पर क्लिक करने से आपकी निजी फाइलें खतरे में पड़ सकती हैं और डेटा चोरी भी हो सकता है.

इसके अलावा अगर एकदम से सिस्टम स्लो हो जाए, फाइल्स को खोलने में वक्त लगे या प्रोसेसर और RAM बिना किसी भारी काम के भी 70-80% तक भर जाए, तो इसे हल्के में न लें. सिस्टम की परफॉर्मेंस में गिरावट वायरस या मैलवेयर गतिविधि का सबसे आम लक्षण है.

इसके अलावा अगर एकदम से सिस्टम स्लो हो जाए, फाइल्स को खोलने में वक्त लगे या प्रोसेसर और RAM बिना किसी भारी काम के भी 70-80% तक भर जाए, तो इसे हल्के में न लें. सिस्टम की परफॉर्मेंस में गिरावट वायरस या मैलवेयर गतिविधि का सबसे आम लक्षण है.

फाइलों के नाम खुद-ब-खुद बदलने लगें, महत्वपूर्ण डॉक्यूमेंट गायब होने लगें या फिर लैपटॉप में अजीब से फोल्डर और आइकन नजर आएं तो यह लगभग तय है कि सिस्टम को किसी दुर्भावनापूर्ण कोड ने प्रभावित किया है. ऐसी स्थिति में देरी करना आपके डेटा को पूरी तरह खतरे में डाल सकता है.

फाइलों के नाम खुद-ब-खुद बदलने लगें, महत्वपूर्ण डॉक्यूमेंट गायब होने लगें या फिर लैपटॉप में अजीब से फोल्डर और आइकन नजर आएं तो यह लगभग तय है कि सिस्टम को किसी दुर्भावनापूर्ण कोड ने प्रभावित किया है. ऐसी स्थिति में देरी करना आपके डेटा को पूरी तरह खतरे में डाल सकता है.

वायरस हटाने के लिए सबसे जरूरी कदम है एक भरोसेमंद एंटीवायरस इंस्टॉल करना. किसी भी नामी कंपनी का सिक्योरिटी सॉफ्टवेयर खरीदकर पूरा सिस्टम स्कैन करें. स्कैन पूरा होने पर एंटीवायरस आपको प्रभावित फाइलों और वायरस को हटाने का विकल्प देगा.

वायरस हटाने के लिए सबसे जरूरी कदम है एक भरोसेमंद एंटीवायरस इंस्टॉल करना. किसी भी नामी कंपनी का सिक्योरिटी सॉफ्टवेयर खरीदकर पूरा सिस्टम स्कैन करें. स्कैन पूरा होने पर एंटीवायरस आपको प्रभावित फाइलों और वायरस को हटाने का विकल्प देगा.

बस निर्देशों को ध्यान से फॉलो करें. यदि समस्या को नजरअंदाज किया गया तो आपकी महत्वपूर्ण फाइलें स्थायी रूप से नष्ट हो सकती हैं इसलिए समय रहते कार्रवाई करना ही सबसे सुरक्षित कदम है.

बस निर्देशों को ध्यान से फॉलो करें. यदि समस्या को नजरअंदाज किया गया तो आपकी महत्वपूर्ण फाइलें स्थायी रूप से नष्ट हो सकती हैं इसलिए समय रहते कार्रवाई करना ही सबसे सुरक्षित कदम है.

Published at : 24 Nov 2025 02:32 PM (IST)

टेक्नोलॉजी फोटो गैलरी

Read More at www.abplive.com