Election Commission Questions: भारतीय चुनाव आयोग (ECI) ने विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और वोटर लिस्ट अपडेटशन को लेकर देशवासियों से 5 सवाल पूछे हैं। साथ ही अपील की गई है कि अगर पांचों सवालों के जवाब में उत्तर हां होगा तो चुनाव आयोग को मतदाता सूची को शुद्ध करने के कठिन कार्य को सफल बनाने में देशवासी अपना योगदान दें। चुनाव आयोग ने देश के हर नागरिक से यह सवाल पूछे गए हैं और इनका जवाब देने को कहा गया है।
यह भी पढ़ें: ‘बुर्के हटाकर चेहरे देखते हो और…’, इकरा हसन ने चुनाव आयोग की प्रेस कॉन्फ्रेंस पर उठाए सवाल
चुनाव आयोग ने ये 5 सवाल पूछे
- मतदाता सूची की गहन जांच होनी चहिए या नहीं?
- मरे हुए लोगों के नाम लिस्ट से हटाने चाहिए या नहीं?
- जिन लोगों के नाम मतदाता सूची में 2 या अधिक जगह पर हैं, उनके नाम एक ही जगह पर होने चाहिए या नहीं?
- जो लोग दूसरी जगहों पर जा बसे हैं, उनके नाम मतदाता सूची से हटाने चाहिए या नहीं?
- विदेशियों के नाम मतदाना सूची से हटाने चाहिए या नहीं?
बिहार में चल रहा SIR पर विवाद
बता दें कि बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के चुनाव आयोग विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) कर रहा है। 24 जून 2025 को बिहार में SIR शुरू किया गया था, जिसका पहला चरण पूरा हो चुका है। चुनाव आयोग एक अगस्त 2025 को बिहार की ड्राफ्ट वोटर लिस्ट भी जारी कर चुका है, जिसमें से 65 लाख वोटरों के नाम हटाए गए हैं, लेकिन RJD, कांग्रेस और INDIA ब्लॉक ने SIR के साथ-साथ ड्राफ्ट वोटर लिस्ट पर सवाल उठाए हैं। बिहार से दिल्ली तक विवाद गहराया हुआ है।
यह भी पढ़ें: वोट चोरी के आरोपों पर चुनाव आयोग ने दिया जवाब, पढ़ें ECI की प्रेस कॉन्फ्रेंस की 10 बड़ी बातें
चुनाव आयोग पर क्या लगे आरोप?
बता दें कि RJD, कांग्रेस और INDIA ब्लॉक ने चुनाव आयोग पर वोट चोरी का आरोप लगाया है। अल्पसंख्यकों और दलित समुदाय के लोगों को मताधिकार से वंचित करने का आरोप लगाया है। चुनाव के ऐन मौके पर बिहार में विशेष गहन पुनरीक्षण को BJP की साजिश बताया है, ताकि वोटर लिस्ट को अपने पक्ष में किया जा सके। INDIA ब्लॉक ने SIR के विरोध में संसद से चुनाव आयोग तक मार्च भी निकाला था, जो हिंसक हो गया था। मानसून सत्र भी विवाद की भेंट चढ़ गया था।
तेजस्वी यावद ने क्या विवाद छेड़ा?
बता दें कि बिहार की ड्राफ्ट वोटर लिस्ट जारी होने के बाद तेजस्वी यादव ने अलग से एक विवाद खड़ा किया। तेजस्वी ने ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में अपना नाम नहीं होने की बात कही। उन्होंने एक EPIC नंबर दिखाते हुए दावा किया कि इस नंबर से उनका नाम वोटर लिस्ट में नहीं है। वहीं चुनाव आयोग ने उनका EPIC नंबर दिखाया और कहा कि वोटर लिस्ट में उनका नाम इस नंबर से है तो तेजस्वी के पास वह EPIC नंबर कहां से आया, जो उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिखाया। इसलिए दो EPIC नंबर को लेकर चुनाव आयोग ने तेजस्वी से स्पष्टीकरण भी मांगा।
यह भी पढ़ें: ‘ना कोई पक्ष, ना कोई विपक्ष, सभी पार्टियां समकक्ष’, वोट चोरी के आरोपों पर चुनाव आयोग ने दिया जवाब
Read More at hindi.news24online.com