गार्डन रीच शिपबिल्डर्स (जीआरएसई) का प्रदर्शन चौथी तिमाही में धमाकेदार रहा। कंपनी का कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू साल दर साल आधार पर 61.7 फीसदी बढ़कर 1,642 करोड़ रुपये पहुंच गया। इसमें एग्जिक्यूशन पर कंपनी के ज्यादा फोकस का हाथ है। एबिड्टा 144 फीसदी बढ़कर 221 करोड़ रुपये हो गया। कंपनी के रेवेन्यू को लेकर तस्वीर साफ है। इसकी वजह कंपनी की 22,680 करोड़ रुपये की ऑर्डरबुक है। कंपनी का शेयर एक हफ्ते में 9 फीसदी गिर चुका है। 11 जून को यह स्टॉक 4.34 फीसदी गरकर 3,095 रुपये पर बंद हुआ।
ऑर्डरबुक सालाना रेवेन्यू की चार गुनी
Garden Reach Shipbuilders & Engineers (GRSE) की ऑर्डरबुक कंपनी के सालाना रेवेन्यू का 4.4 गुना है। इस ऑर्डरबुक में 40 प्लेटफॉर्म हैं। इसमें भारतीय नौसेना के लिए 16 वॉरशिप भी हैं। कंपनी के कई बड़े प्रोजेक्ट्स पूरे किए हैं। कंपनी को EBITDA मार्जिन 13 फीसदी पर बने रहने की उम्मीद है। इस साल कंपनी P-17 अल्फा शिप की डिलीवरी कर सकती है। यह डिलीवरी अगले दो महीने में हो सकती है। अगले साल भी कंपनी कई बड़ी डिलीवरी करने वाली है। इनमें P-17 अल्फा शिप शामिल है।
कई बड़े प्रोजेक्ट्स पर कंपनी काम कर रही है
GRSE जर्मनी के एक क्लाइंट के लिए 8 मल्टीपर्पज वीसल्स पर काम कर रही है। इसमें से पहले जहाज की डिलीवरी तीन साल के अंदर होने की उम्मीद है। इसके अलावा यह बांग्लादेश सरकार के लिए 13 Hybrid Ferries के प्रोजेक्ट पर काम कर रही है। इसे जियोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया से दो वीसल्स के ऑर्डर मिलने की उम्मीद है। कंपनी ने अपनी क्षमता बढ़ाने के लिए श्यामा प्रसाद मुखर्जी पोर्ट पर तीन ड्राई डॉक लॉन्ग टर्म लीज पर लिए हैं। कंपनी पहले ही इस साल अपनी शिप बिल्डिंग कैपेसिटी 20 से बढ़ाकर 24 कर चुकी है।
क्षमता बढ़ाने का बड़ा प्लान
कंपनी ने 2026 तक जहाज बनाने की अपनी क्षमता बढ़ाकर 28 करने का प्लान बनाया है। यह कोलकाता के बाहर ग्रीनफील्ड एक्सपैंशन के मौकों की तलाश में है। कंपनी के शेयरों में FY27 की अनुमानित अर्निंग्स के करीब 43 गुना पर ट्रेडिंग हो रही है। कंपनी के एग्जिक्यूशन का ट्रैक रिकॉर्ड शानदार है। रेवेन्यू को लेकर तस्वीर साफ है। कैपेसिटी बढ़ने से रेवेन्यू भी बढ़ेगा।
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क्या आपको इनवेस्ट करना चाहिए?
वैल्यूएशन थोड़ा ज्यादा लगता है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि कई डिफेंस कंपनियों के स्टॉक्स में करेक्शन दिख सकता है। इनमें जीआरएसई भी शामिल है। करेक्शन के बाद निवेश के लिहाज से यह स्टॉक काफी अट्रैक्टिव हो जाएगा। इनवेस्टर्स करेक्शन के बाद इस स्टॉक में निवेश कर सकते हैं।
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